बठिंडा। मनप्रीत सिंह बादल द्वारा बठिंडा शहर में झूठे पर्चों की शुरू की गई नई परंपरा घातक सिद्ध होगी, क्योंकि लोग झूठे पर्चों, जाति रंजिश, लूटपाट की घटनाएं, धक्केशाहियां, नाजायज कब्जों की राजनीति को पसंद नहीं करते, जिसका खामियाजा कांग्रेस को आगामी विधान सभा चुनावों में भुगतना पड़ेगा। उक्त बातों का प्रकटावा अकाली-बसपा गठबंधन के उम्मीदवार व पूर्व विधायक सरूप चंद सिंगला ने शहर के विभिन्न वार्डों का दौरा करते हुए नुक्कड़ बैठकों को संबोधित करते हुए किया और कहा कि उनके सुपुत्र समेत अकाली वर्करों पर किए गए पर्चे हार की बौखलाहट है, जिससे शहर निवासी पूरी तरह अवगत हैं। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को चेतावनी दी कि वह वित्त मंत्री की कठपुतली बनकर काम न करें, बल्कि चुनाव प्रक्रिया द्वारा बनती ड्यूटी को जिम्मेदारी से निभाएं। सरूप सिंगला ने कहा कि शिरोमणी अकाली दल विकास की राजनीति करता है, जबकि मनप्रीत बादल ने झूठे पर्चों की राजनीति की। उन्होंने कहा कि शहर निवासी इस बार अकाली-बसपा गठबंधन को मौका देंगे और जीत कर इस शहर को नए पर डाला जाएगा, राजनैतिक हवा बदली जाएगी, पारिवारिक माहौल बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के काले दौर से लेकर अब तक शहर में पारिवारिक माहौल नहीं बन सका, लोग आर्थिक तंगियों का सामना कर रहे हैं, ऐसे हालातों में सरकार और विधायक द्वारा बनती जिम्मेदारी निभाने की बजाय नशा स्मगलिंग, धक्केशाहियों को पहल दी गई, जिसका खामियाजा मनप्रीत बादल टीम को चुनावों में भुगतना पड़ेगा। उन्होंने शहर निवासियों से अपील की कि वह विकास को मुख्य रखकर वोटों का इस्तेमाल करें। इस मौके शहर निवासियों द्वारा पूर्व विधायक का गर्मजोशी से स्वागत किया गया और जीत के लिए पूर्ण सहयोग देने का विश्वास दिलाया गया। इस मौके उनके साथ बबली ढिल्लों, मोहित गुप्ता, हरपाल सिंह ढिल्लों समेत शिरोमणी अकाली दल की सीनियर लीडरशिप और वर्कर मौजूद थे।
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